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Moradabad News-आशियाना में हिंसक बंदर का आतंक: रात में घर में घुसकर सोते हुए युवक को काटा

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Moradabad News-आशियाना। आशियाना फेज-2 स्थित दिव्य लोक आश्रम के आसपास इन दिनों एक हिंसक बंदर ने लोगों की रातों की नींद और दिन का चैन छीन लिया है। बंदर का खौफ इस कदर है कि बच्चे और बुजुर्ग घरों से बाहर निकलने में भी कांप रहे हैं। हैरानी की बात यह है कि खूंखार हो चुका यह बंदर बिना किसी छेड़छाड़ के ही राहगीरों और घरों में मौजूद लोगों पर सीधे हमला कर रहा है, लेकिन जिम्मेदार विभाग एक-दूसरे पर जिम्मेदारी थोपने में लगे हुए हैं।

रात 1:30 बजे घर में घुसा, सोते हुए युवक को काटा

बंदर के हमले की सबसे खौफनाक घटना सोमवार तड़के करीब 1:30 बजे सामने आई। हिंसक बंदर एक घर के अंदर घुस गया और वहां सो रहे हिमांशु नाम के युवक पर अचानक हमला कर दिया। बंदर ने हिमांशु की जांघ और हाथ समेत शरीर के कई हिस्सों पर बुरी तरह काट लिया। लहूलुहान अवस्था में हिमांशु को तुरंत जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसका इलाज चल रहा है।

इसी इलाके के रहने वाले एक अन्य निवासी दीपक भी इस हिंसक बंदर का शिकार बन चुके हैं। दीपक ने बताया कि वह अपनी छत पर कपड़े फैलाने गए थे, तभी अचानक बंदर ने उन पर झपट्टा मारा और काट लिया।

घटना पर एक नज़र (Quick Facts):

विवरणजानकारी
प्रभावित क्षेत्रआशियाना फेज-2 (दिव्य लोक आश्रम के पास)
मुख्य पीड़ितहिमांशु (जिला अस्पताल में भर्ती) और दीपक
हमले का समयसोमवार तड़के 1:30 बजे (हिमांशु पर)
घायलों का आंकड़ाएक हफ्ते में 7-8 लोग, एक महीने में करीब 20 लोग
विभागीय स्थितिवन विभाग और नगर निगम एक-दूसरे पर डाल रहे जिम्मेदारी

जिम्मेदारी से भाग रहे विभाग, हेल्पलाइन भी फेल

कालोनीवासियों के मुताबिक, यह बंदर पिछले एक सप्ताह में ही 7 से 8 लोगों को काट चुका है। वहीं, बीते एक महीने के आंकड़ों पर गौर करें तो करीब 20 लोग इसके हमले में घायल हो चुके हैं। इस खौफनाक स्थिति के बावजूद प्रशासन कुंभकर्णी नींद सो रहा है।

हिमांशु के भाई ने जब वन विभाग की हेल्पलाइन 1076 पर शिकायत दर्ज कराई, तो वहां से जवाब मिला कि बंदर पकड़ने की जिम्मेदारी नगर निगम की है। दूसरी ओर, जब नगर निगम से संपर्क किया गया, तो उनका रटा-रटाया जवाब था कि बंदरों को पकड़ने का मुख्य कार्य वन विभाग का है और निगम केवल सहयोग करता है।

जिम्मेदारी को लेकर दोनों विभागों के बीच तालमेल के इस घोर अभाव ने लोगों में भारी आक्रोश पैदा कर दिया है। क्षेत्रवासियों ने जिला प्रशासन से अविलंब हस्तक्षेप कर इस हिंसक बंदर को जल्द से जल्द पकड़वाने की मांग की है, ताकि इलाके के लोग सुरक्षित महसूस कर सकें।