मुरादाबाद: जिले में बिजली चोरी पर नकेल कसने के लिए विद्युत विभाग ने 60 दिवसीय महाभियान छेड़ रखा है। जिलाधिकारी डॉ. राजेंद्र पैंसिया के कड़े निर्देशों पर अगस्त से शुरू हुए इस अभियान के तहत अब तक रिकॉर्ड 8 हजार परिसरों की सघन चेकिंग की जा चुकी है। इस दौरान बिजली चोरी के 320 मामले सामने आए हैं, जिन सभी में आरोपियों के खिलाफ एफआईआर (FIR) दर्ज करा दी गई है।
साढ़े तीन करोड़ का जुर्माना, बकायेदारों से भी वसूली विभाग की इस सख्ती से बिजली चोरों और बकायेदारों में हड़कंप मचा हुआ है। पकड़े गए सभी 320 बिजली चोरों पर कुल 3 करोड़ 45 लाख 58 हज़ार रुपए का भारी-भरकम जुर्माना लगाया गया है। इसके साथ ही, चेकिंग के दौरान लंबे समय से बिल न भरने वाले बकायेदारों से भी 4 करोड़ 20 लाख 42 हज़ार रुपए की राजस्व वसूली की गई है। विभागीय टीमों ने कटियामारी, मीटर से छेड़छाड़ (टेम्परिंग) और अवैध कनेक्शनों की बारीकी से जांच कर यह कार्रवाई की है।
कांठ क्षेत्र में सबसे अधिक चेकिंग और चोरियां अभियान के तहत सबसे अधिक फोकस कांठ क्षेत्र में रहा है, जहां विभाग ने रिकॉर्ड 3,500 परिसरों को चेक किया। आंकड़ों के अनुसार, चेकिंग के दौरान कांठ तहसील में बिजली चोरी के सर्वाधिक 177 मामले पकड़े गए। इसके अलावा कांठ ग्रामीण क्षेत्र में 79 और ठाकुरद्वारा में 64 मामले पकड़े गए हैं।
30 सितंबर तक जारी रहेगा अभियान, ढिलाई बर्दाश्त नहीं जिलाधिकारी डॉ. राजेंद्र पैंसिया ने स्पष्ट किया है कि बिजली चोरी के खिलाफ चलाया जा रहा यह 60 दिवसीय अभियान 30 सितंबर तक लगातार जारी रहेगा। डीएम ने सख्त हिदायत दी है कि राष्ट्रीय संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वाले बिजली चोरों के खिलाफ कार्रवाई में किसी भी स्तर पर कोई ढिलाई नहीं बरती जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को चेकिंग अभियान और तेज करने के निर्देश दिए हैं।