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सुहागरात पर पति के साथ 20 मिनट रहने के बाद दुल्हन ने कहा मुझसे नहीं रहेना इसके साथ

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देवरिया (उत्तर प्रदेश). शादी की शहनाइयाँ थमी भी नहीं थीं कि एक ऐसा तूफान आया कि पूरा बाराती दल और दुल्हन का परिवार हक्का-बक्का रह गया। जहाँ हर कोई सुहागरात की तैयारियों में जुटा था, वहाँ दुल्हन ने साफ कह दिया – “मैं इस शादी में नहीं रहना चाहती।” नतीजा? दूल्हा विशाल को लाल जोड़े वाली दुल्हन के साथ फेरे लेने के महज 20 मिनट बाद ही तलाक के कागजात पर साइन करने पड़े।

कौन हैं दूल्हा-दुल्हन और कहाँ हुई ये अनोखी घटना?

यह हृदयविदारक वाकया उत्तर प्रदेश के देवरिया जिले के भाटपार रानी थाना क्षेत्र के एक गांव का है। दूल्हा विशाल (28) गोरखपुर के पास एक प्राइवेट कंपनी में नौकरी करता है। दुल्हन पूजा (24) देवरिया जिले की ही रहने वाली है और उसने बीएड किया हुआ है। दोनों की शादी 28 नवंबर 2025 को धूमधाम से हुई थी। लड़की वालों ने दहेज में बाइक, सोने की चेन, फर्नीचर और नकद रकम दी थी। सब कुछ सामान्य लग रहा था।

कब और कैसे टूटी शादी?

शादी की सारी रस्में पूरी होने के बाद बारात विदा होकर दुल्हन के घर (ससुराल) पहुंची। रात करीब 10:30 बजे दूल्हा-दुल्हन कमरे में गए। लेकिन ठीक 20 मिनट बाद ही पूजा बाहर निकली और अपने मायके वालों से बोली – “मुझे ये शादी नहीं करनी। मैं विशाल के साथ नहीं रह सकती।” परिवार वाले हैरान। पहले तो सबने समझाया, फिर गुस्सा किया, फिर रोया-धोया। पूजा अपनी बात पर अड़ी रही। उसने साफ कहा, “मुझे ये रिश्ता मंजूर नहीं। मैंने मजबूरी में हामी भरी थी।”

क्या थी असली वजह?

सूत्रों के मुताबिक पूजा पहले से किसी और लड़के से प्यार करती थी। उसका बॉयफ्रेंड दूसरी जाति का था, इसलिए घर वालों ने जबरदस्ती ये रिश्ता तय कर दिया। शादी से पहले भी पूजा ने कई बार मना किया था, लेकिन परिवार ने नहीं माना। आखिरी मौके पर उसने फैसला कर लिया कि वह इस रिश्ते में एक पल भी नहीं रहेगी। उसने साफ कहा – “मरना कबूल है, लेकिन इस शादी को नहीं निभाऊंगी।”

5 घंटे की मशक्कत, फिर हुआ तलाक!

पूजा के इनकार के बाद दोनों परिवारों में हंगामा मच गया। दूल्हे पक्ष के लोग गुस्से में थे, लड़की पक्ष वाले शर्मिंदा। रात 11 बजे से सुबह 4 बजे तक समझौता चलता रहा। पंचायत बुलाई गई, मौहल्ले के बड़े-बुजुर्ग आए। लेकिन पूजा एक इंच नहीं हिली। आखिरकार दूल्हे विशाल ने हार मान ली। उसने कहा, “जबरदस्ती का रिश्ता नहीं चाहिए।” रात करीब 3:45 बजे सादे कागज पर दोनों पक्षों ने तलाकनामा लिखवाया। विशाल ने साइन किए और सारी ज्वेलरी, कपड़े, दहेज का सामान लौटा दिया। बारात बिना दुल्हन के सुबह 5 बजे वापस लौट गई।

अब क्या होगा?

दूल्हे पक्ष का कह रहा है कि लड़की वालों ने धोखा दिया। वे कानूनी कार्रवाई करने की सोच रहे हैं। वहीं लड़की वालों ने सारा दहेज लौटा दिया है और चुप्पी साध रखी है। पुलिस को अभी तक कोई शिकायत नहीं मिली है। ग्रामीण इलाके में यह घटना चर्चा का विषय बनी हुई है। लोग कह रहे हैं – “आजकल की लड़कियाँ डरती नहीं हैं, अपनी मर्जी से जीना चाहती हैं।”

शादी टूटने की यह घटना एक बार फिर समाज को सोचने पर मजबूर कर रही है कि आखिर प्यार और जबरदस्ती के रिश्तों में फर्क क्या बचा है?