हल्द्वानी (नैनीताल): भीषण गर्मी के इस मौसम में बिजली के उपकरणों, विशेषकर कूलर (Cooler) के इस्तेमाल में जरा सी भी लापरवाही कितनी भारी पड़ सकती है, इसका एक बेहद दर्दनाक उदाहरण हल्द्वानी से सामने आया है। यहां एक घर में कूलर से करंट लगने के कारण एक मासूम बच्चे की दर्दनाक मौत हो गई। इस हृदयविदारक घटना के बाद से मृतक बच्चे के परिवार में कोहराम मचा हुआ है और पूरे इलाके में मातम पसरा है।
खाना खाने के बाद सोने गया था मासूम
प्राप्त जानकारी के अनुसार, घटना उस वक्त हुई जब बच्चा रात का खाना खाने के बाद कमरे में सोने के लिए गया था। बताया जा रहा है कि सोते समय कमरे में काफी गर्मी लग रही थी। गर्मी से राहत पाने के लिए जैसे ही कूलर को चालू करने या उसकी दिशा बदलने का प्रयास किया गया, तभी यह दर्दनाक हादसा हो गया।
स्विच बोर्ड और कूलर में दौड़ रहा था करंट
परिजनों के अनुसार, संभवतः कूलर के तार में कट होने या स्विच बोर्ड में अर्थिंग (Earthing) की समस्या के कारण पूरे बोर्ड और कूलर की बॉडी में जबरदस्त करंट दौड़ रहा था। बच्चा जैसे ही स्विच बोर्ड या कूलर के संपर्क में आया, वह करंट की चपेट में आकर उसी से चिपक गया।
अस्पताल ले जाते समय तोड़ा दम
बच्चे को करंट लगता देख परिजनों के होश उड़ गए। उन्होंने तुरंत किसी तरह बिजली की मेन सप्लाई बंद कर बच्चे को उससे अलग किया। आनन-फानन में अचेत अवस्था में मासूम को नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। डॉक्टरों ने जांच के बाद बच्चे को मृत घोषित कर दिया।
इस घटना ने एक बार फिर यह सोचने पर मजबूर कर दिया है कि गर्मियों में लोहे के कूलर और बिजली के तारों की नियमित जांच कितनी जरूरी है। पुलिस और प्रशासन ने भी आम जनता से अपील की है कि वे घरों में लगे कूलर, पंखे और स्विच बोर्ड की अर्थिंग व तारों की जांच किसी इलेक्ट्रीशियन से जरूर करवा लें, ताकि भविष्य में ऐसे दर्दनाक हादसों से बचा जा सके।