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उत्तराखंड में 5 जिलों में बारिश और तेज अंधड़ की संभावना

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देहरादून। देवभूमि उत्तराखंड में इन दिनों मौसम के दो अलग-अलग रंग देखने को मिल रहे हैं। मौसम विज्ञान केंद्र, देहरादून ने राज्य के लिए आगामी दिनों का ताजा पूर्वानुमान जारी किया है। विभाग के अनुसार, जहां एक तरफ राज्य के 5 पर्वतीय जिलों में तेज हवाओं के साथ बारिश होने की संभावना है, वहीं दूसरी तरफ मैदानी इलाकों में सूरज की तपिश और बढ़ेगी, जिससे अगले 4 से 5 दिनों में तापमान में 5 डिग्री सेल्सियस तक की बढ़ोतरी दर्ज की जा सकती है।

इन 5 जिलों में बारिश और अंधड़ का अलर्ट

मौसम विभाग के मुताबिक, राज्य के पर्वतीय क्षेत्रों में पश्चिमी विक्षोभ और स्थानीय सिस्टम के सक्रिय होने के कारण मौसम का मिजाज बदलेगा।

  • प्रभावित होने वाले जिले: उत्तरकाशी, चमोली, रुद्रप्रयाग, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिलों में कहीं-कहीं हल्की से मध्यम बारिश और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है।
  • 50 किमी/घंटे की रफ्तार से चलेंगी हवाएं: बारिश के साथ ही इन जिलों और इनके आस-पास के इलाकों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज झक्कड़ (अंधड़/तेज हवाएं) चलने की भी आशंका है। इसके चलते आकाशीय बिजली चमकने और पेड़ गिरने का खतरा बढ़ सकता है।

मैदानी इलाकों में बढ़ेगी तपिश, 5 डिग्री तक चढ़ेगा पारा

एक तरफ जहां पहाड़ों में बारिश की संभावना है, वहीं दूसरी तरफ देहरादून, हरिद्वार और ऊधम सिंह नगर जैसे मैदानी जिलों में रहने वाले लोगों को भीषण गर्मी का सामना करना पड़ेगा।

  • बढ़ेगा तापमान: अगले 4-5 दिनों के भीतर मैदानी और कम ऊंचाई वाले इलाकों में अधिकतम तापमान में 4 से 5 डिग्री सेल्सियस तक की बढ़ोतरी होने का अनुमान है।
  • लू (Heatwave) जैसी स्थिति: शुष्क मौसम और तेज धूप के कारण दोपहर के समय लू जैसे हालात बन सकते हैं, जिससे लोगों की मुश्किलें बढ़ेंगी।

मौसम विभाग और प्रशासन की एडवाइजरी

बदलते मौसम और तेज हवाओं की चेतावनी को देखते हुए मौसम विभाग ने आम जनमानस और पर्यटकों के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए हैं:

  • तेज हवाओं से रहें सावधान: अंधड़ और आकाशीय बिजली चमकने के दौरान खुले स्थानों, पेड़ों के नीचे या कच्चे मकानों के आस-पास शरण न लें।
  • यात्री बरतें सतर्कता: उच्च हिमालयी क्षेत्रों या चारधाम रूट पर यात्रा कर रहे तीर्थयात्री मौसम का अपडेट देखकर ही आगे बढ़ें।
  • गर्मी से बचाव: मैदानी क्षेत्रों के लोग दोपहर के समय सीधे धूप के संपर्क में आने से बचें और शरीर में पानी की कमी न होने दें।

प्रशासन ने सभी संबंधित जिलाधिकारियों को अलर्ट पर रहने और किसी भी आपात स्थिति में राहत व बचाव कार्य के लिए तैयार रहने के निर्देश दिए हैं।