नई दिल्ली। डिजिटल पेमेंट में भारत ने नया इतिहास रच दिया है — सितंबर 2026 में UPI के जरिए पहली बार रोजाना 800 मिलियन (80 करोड़) से ज्यादा लेनदेन हुए। वित्त वर्ष 2027 की पहली छमाही (अप्रैल-सितंबर) में UPI लेनदेन 145 अरब को पार कर गया, जो पिछले साल की समान अवधि से 27% ज्यादा है।
लगातार बढ़ते आंकड़े बताते हैं कि छोटे दुकानदार से लेकर बड़े शोरूम तक, हर जगह QR कोड वाला पेमेंट आम हो चुका है। त्योहारी सीजन में ऑनलाइन शॉपिंग और बाजारों की भीड़ के साथ अक्टूबर-दिसंबर तिमाही में UPI के और रिकॉर्ड टूटने की उम्मीद है।
गौरतलब है कि सरकार और NPCI नए MDR (मर्चेंट डिस्काउंट रेट) नियमों पर काम कर रहे हैं, ताकि डिजिटल पेमेंट का खर्च दुकानदारों पर न पड़े। बैंक शाखाएं बंद होने के दिनों में भी UPI, नेटबैंकिंग और मोबाइल बैंकिंग 24×7 चालू रहती है — इसलिए Dussehra-Diwali की छुट्टियों में भी पेमेंट में कोई रुकावट नहीं आएगी।

