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यूपी पुलिस ‘हाई अलर्ट’ पर: DGP का बड़ा आदेश, 1 से 7 मार्च तक सभी पुलिसकर्मियों की छुट्टियां निरस्त

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मयंक त्रिगुण, ब्यूरो चीफ

होली और आगामी त्योहारों के मद्देनजर लिया गया कड़ा फैसला; प्रदेश के सभी डीजी, एडीजी, आईजी और एसएसपी को सख्त निर्देश जारी

लखनऊ | प्रशासनिक एवं क्राइम डेस्क उत्तर प्रदेश में आगामी त्योहारों (विशेषकर होली) के मद्देनजर कानून-व्यवस्था को चाक-चौबंद रखने के लिए पुलिस महानिदेशक (DGP) ने एक बेहद सख्त और बड़ा आदेश जारी किया है। प्रदेश भर में सुरक्षा व्यवस्था को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से 1 मार्च से लेकर 7 मार्च तक सभी पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों की छुट्टियां तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दी गई हैं।

DGP के आदेश के मुख्य बिंदु:

पुलिस मुख्यालय की ओर से जारी किए गए इस आदेश ने पूरे पुलिस महकमे को ‘अलर्ट मोड’ पर ला दिया है। आदेश की मुख्य बातें इस प्रकार हैं:

  • छुट्टियों पर पूर्ण रोक: 1 मार्च से 7 मार्च 2026 के बीच किसी भी स्तर के पुलिस अधिकारी या कर्मचारी को कोई भी सामान्य अवकाश (Leave) स्वीकृत नहीं किया जाएगा। (अत्यंत आपातकालीन या विशेष परिस्थितियों में ही शीर्ष अधिकारियों की अनुमति से छुट्टी पर विचार किया जा सकता है)।
  • शीर्ष अधिकारियों को सख्त निर्देश: डीजीपी मुख्यालय की ओर से प्रदेश के सभी डीजी (DG), एडीजी (ADG), आईजी (IG), डीआईजी (DIG), पुलिस कमिश्नर और सभी जिलों के एसएसपी/एसपी (SSP/SP) को पत्र भेजकर इस आदेश का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित कराने के सख्त निर्देश दिए गए हैं।
  • हाई अलर्ट पर यूपी पुलिस: त्योहारों के दौरान किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना, हुड़दंग या कानून व्यवस्था बिगड़ने की स्थिति से निपटने के लिए पूरी यूपी पुलिस को ‘हाई अलर्ट’ (High Alert) पर रखा गया है। चप्पे-चप्पे पर पुलिस की तैनाती और गश्त बढ़ाने के निर्देश दिए गए हैं।

क्यों लिया गया यह फैसला?

मार्च के पहले सप्ताह में होली का बड़ा त्योहार है, जिस दौरान असामाजिक तत्वों द्वारा माहौल बिगाड़ने की आशंका बनी रहती है। ऐसे में भीड़भाड़ वाले इलाकों, बाजारों, धार्मिक स्थलों और मिश्रित आबादी वाले क्षेत्रों में शांति और सुरक्षा व्यवस्था कायम रखने के लिए सड़कों पर पुलिस बल की अधिकतम उपस्थिति अनिवार्य मानी गई है। इसी को ध्यान में रखते हुए यह कड़ा कदम उठाया गया है।