पीलीभीत (पूरनपुर)। पीलीभीत जनपद के पूरनपुर कोतवाली क्षेत्र के अंतर्गत असम राजमार्ग पर हरदोई ब्रांच नहर पुल के समीप एक भारी मालवाहक वाहन (ट्रक) के चालक बलजिंदर सिंह की जलकर हुई मौत के रहस्य से पुलिस ने पर्दा उठा दिया है। यह कोई साधारण सड़क दुर्घटना नहीं, बल्कि एक सुनियोजित हत्या थी। पुलिस अन्वेषण (जांच) के अनुसार, प्रेम संबंध खत्म करने के विवाद में चालक की प्रेमिका ने ही लोहे की छड़ से उसके सिर पर वार किया था। तत्पश्चात, घटना को दुर्घटना का रूप देने के लिए उसने बेहोश चालक के ऊपर तरल ईंधन छिड़क कर वाहन के चालक कक्ष (केबिन) में आग लगा दी थी।
उत्तराखंड से नेपाल सीमा जा रहा था चालक पुलिस अधीक्षक सुकीर्ति माधव ने जानकारी देते हुए बताया कि रामपुर जनपद के बिलासपुर क्षेत्र के गांव बड़ा बोसेना निवासी बलजिंदर सिंह उत्तराखंड के रुद्रपुर से माल लादकर नेपाल सीमा की ओर जा रहा था। बीते 10 जुलाई को पूरनपुर क्षेत्र में राजमार्ग के समीप वाहन के चालक कक्ष में उसका बुरी तरह जला हुआ शव मिला था। प्रारंभिक अंत्यपरीक्षण (शव विच्छेदन) में दम घुटने से मौत की पुष्टि हुई थी। शुरुआत में पुलिस और अग्निशमन विभाग इसे महज एक हादसा मानकर जांच कर रहे थे।
परिजनों की आशंका और निगरानी कैमरों से मिला सुराग मृतक के परिजनों को घटना की परिस्थितियों पर गहरा संदेह था। उन्होंने हत्या की आशंका जताते हुए पुलिस को कुछ निगरानी कैमरों (सीसीटीवी) के दृश्य उपलब्ध कराए। दृश्यों में स्पष्ट हुआ कि मालवाहक वाहन एक गुरुद्वारे से निकलने के लगभग एक घंटे पश्चात महज एक किलोमीटर की दूरी पर आग की चपेट में आ गया था। घटना के 14 दिन बाद मृतक के भाई गुरमीत सिंह की लिखित शिकायत पर अज्ञात के विरुद्ध हत्या की नामजद प्राथमिकी दर्ज की गई।
दूसरे दूरभाष यंत्र के वार्ता विवरण ने खोला राज पुलिस ने जांच का दायरा बढ़ाते हुए मृतक के दूरभाष वार्तालाप विवरण (कॉल डिटेल) खंगाले। पहले नंबर से कोई विशेष सुराग नहीं मिला, किंतु गहन पड़ताल पर ज्ञात हुआ कि मृतक एक अन्य दूरभाष नंबर का भी उपयोग करता था। जब दूसरे नंबर की जांच की गई, तो एक महिला से निरंतर और अत्यधिक लंबी बातचीत होने की बात सामने आई। उस नंबर की भौगोलिक उपस्थिति (लोकेशन) भी घटना वाले दिन घटनास्थल के आसपास ही पाई गई।
पीछा छुड़ाने के लिए रची थी खौफनाक साजिश कड़ी पूछताछ में रामपुर निवासी अमनदीप कौर उर्फ अमना ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया। पुलिस के अनुसार, बलजिंदर और अमनदीप के बीच तीन वर्ष से प्रेम संबंध थे। महिला अब इन संबंधों को समाप्त करना चाहती थी, जबकि बलजिंदर उस पर दबाव बना रहा था। इसी से तंग आकर उसने हत्या की योजना बनाई। घटना वाले दिन वह अपने मायके (गजरौला थाना क्षेत्र) से बहाना बनाकर घटनास्थल पर पहुंची थी। चालक कक्ष में विवाद होने पर उसने लोहे की छड़ से वार कर बलजिंदर को अचेत कर दिया और ईंधन डालकर आग लगा दी।
पुलिस ने आरोपी महिला को गिरफ्तार कर उसकी निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त लोहे की छड़ और ईंधन रखने वाला पात्र बरामद कर लिया है। वैधानिक कार्यवाही पूर्ण करने के उपरांत उसे न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत कर कारागार भेज दिया गया है।