मुरादाबाद। उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद जिले में हत्यारों ने पुलिस को खुली चुनौती दे दी है। पाकबड़ा थाना क्षेत्र के मोढ़ा तैय्या गांव के जंगल में लगातार दूसरे दिन एक और शव मिलने से पूरे इलाके में दहशत का माहौल है। बुधवार को एक अज्ञात महिला का बेरहमी से कत्ल किया गया शव मिलने के बाद, बृहस्पतिवार (आज) उसी जंगल से एक बालक का शव भी बरामद हुआ है। पुलिस को आशंका है कि यह एक सोची-समझी साजिश के तहत किया गया ‘डबल मर्डर’ है।
महिला का गला रेता, मासूम की दबाई सांसें
बुधवार को इसी जंगल में एक 30 वर्षीय अज्ञात महिला का शव मिला था, जिसकी धारदार हथियार से गला रेतकर हत्या की गई थी और पहचान छिपाने के लिए चेहरा भी जला दिया गया था। पुलिस इस जघन्य हत्याकांड की गुत्थी सुलझाने और महिला की शिनाख्त करने में जुटी ही थी कि गुरुवार को उसी क्षेत्र से एक बालक का शव मिलने से मामला और ज्यादा उलझ गया। शुरुआती जांच में पुलिस ने अंदेशा जताया है कि बालक की गला दबाकर (Strangulation) हत्या की गई है।
वारदात से जुड़े अहम तथ्य (एक नज़र में):
| विवरण | जानकारी |
| घटनास्थल | मोढ़ा तैय्या गांव का जंगल, पाकबड़ा (मुरादाबाद) |
| पहली लाश (बुधवार) | अज्ञात महिला (गला रेता गया, चेहरा जलाया गया) |
| दूसरी लाश (गुरुवार) | अज्ञात बालक (गला दबाकर हत्या की आशंका) |
| पुलिस की थ्योरी | मृतकों के मां-बेटे होने की प्रबल आशंका, डबल मर्डर |
क्या मां-बेटे थे दोनों मृतक?
लगातार दो दिन और एक ही जगह पर शव मिलने के बाद पुलिस अधिकारियों का अनुमान है कि मृत बालक का संबंध उस अज्ञात महिला से हो सकता है और वह उसका पुत्र हो सकता है। हालांकि, पुलिस का कहना है कि दोनों के रिश्ते की अभी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। शिनाख्त (पहचान) स्थापित होने के बाद ही इस पूरे हत्याकांड की असली कहानी सामने आ पाएगी।
आसपास के जिलों में खंगाले जा रहे गुमशुदगी के रिकॉर्ड
बालक का शव मिलने की सूचना मिलते ही एसपी सिटी कुमार रणविजय सिंह भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया। फोरेंसिक विशेषज्ञों (Forensic Team) ने भी मौके से कई अहम साक्ष्य एकत्र किए हैं।
एसपी सिटी ने बताया कि दोनों हत्याओं की जांच अब एक साथ जोड़कर की जा रही है। मुरादाबाद के अलावा अमरोहा और आसपास के अन्य जिलों के थानों में भी दर्ज गुमशुदगी (Missing Persons) के मामलों का मिलान किया जा रहा है। अधिकारियों को उम्मीद है कि मृतकों की पहचान होने के बाद हत्याकांड के पीछे की वजह और आरोपियों तक पहुंचने में महत्वपूर्ण सुराग मिल सकेंगे।