Free Trade-गैस संकट के बीच आम आदमी के लिए सबसे बड़ी राहत, मिलेगा 5 किलो का गैस सिलेंडर, जानें कीमत और नियम

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मयंक त्रिगुण, ब्यूरो चीफ

Free Trade LPG-नई दिल्ली: देशभर में चल रहे एलपीजी (LPG) गैस संकट और कालाबाजारी की शिकायतों के बीच केंद्र सरकार ने आम जनता को एक बड़ी राहत दी है। गैस कनेक्शन न होने के कारण परेशान होने वाले लोगों के लिए सरकार ने एजेंसियों के जरिए ‘मिनी FTL (Free Trade LPG) गैस सिलेंडर’ उपलब्ध कराने की नई और आसान पहल शुरू की है। इस योजना के जरिए अब बिना किसी पारंपरिक गैस कनेक्शन और कागजी कार्यवाही के लोग आसानी से गैस सिलेंडर खरीद सकेंगे।

सिर्फ आधार कार्ड की जरूरत, जानें कीमत

इस नई व्यवस्था के तहत उपभोक्ताओं को गैस कनेक्शन के लंबे झंझटों से मुक्ति मिल गई है:

  • जरूरी दस्तावेज: उपभोक्ता केवल अपना आधार कार्ड (Aadhaar Card) या कोई भी अन्य वैध पहचान पत्र (Valid ID) दिखाकर मिनी सिलेंडर तुरंत प्राप्त कर सकते हैं।
  • कीमत और रिफिल: इस नए मिनी FTL सिलेंडर की कीमत करीब 1,581 रुपये रखी गई है। गैस खत्म होने के बाद 5 किलो का रिफिल मात्र 600 रुपये में आसानी से उपलब्ध होगा।
  • कितने दिन चलेगा: एक 5 किलो का मिनी सिलेंडर छोटी फैमिली या अकेले रहने वालों के लिए आम तौर पर 15 से 20 दिनों तक आसानी से चल सकता है, जिससे दैनिक जरूरतें आराम से पूरी हो सकती हैं।

प्रवासी मजदूरों और छात्रों के लिए वरदान

यह योजना खासतौर पर उन लोगों के लिए बेहद उपयोगी साबित हो रही है, जो किराए के मकानों में रहते हैं— जैसे स्टूडेंट्स, प्रवासी मजदूर और अस्थायी कामगार।

  • ब्लैक मार्केट पर लगेगी लगाम: एलपीजी संकट से पहले ये लोग मजबूरी में ब्लैक मार्केट से 100-200 रुपये महंगे दाम पर सिलेंडर खरीदते थे। लेकिन हालिया किल्लत के कारण कालाबाजारी इस कदर हावी हुई कि यही सिलेंडर 6,000 से 7,000 रुपये तक में बिकने लगा, जिससे आम आदमी का इसे खरीदना लगभग नामुमकिन हो गया। मिनी FTL सिलेंडर इस लूट को खत्म करने का एक बेहद किफायती विकल्प बनकर उभरा है।

ईरान युद्ध का असर और सरकार का स्पष्टीकरण

बाजार में गैस सिलेंडर की किल्लत और गैस एजेंसियों पर लग रहे कालाबाजारी के आरोपों के बीच सरकार ने स्थिति स्पष्ट की है।

  • कोई कमी नहीं: सरकार ने स्पष्ट किया है कि देश में एलपीजी, सीएनजी, और पेट्रोल-डीजल का पर्याप्त रिज़र्व (भंडार) मौजूद है। ईंधन की कोई कमी नहीं है।
  • सप्लाई में देरी की वजह: ईरान युद्ध और भू-राजनीतिक तनाव के कारण होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से होकर आने वाले कई मालवाहक जहाज फंसे हुए हैं। हालांकि, भारतीय तटों पर आपूर्ति सामान्य करने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं और घबराने की कोई आवश्यकता नहीं है।