Uttarakhand Weather Update-उत्तराखंड में मौसम ने एक बार फिर करवट लेनी शुरू कर दी है। पहाड़ों में बादल सक्रिय होने लगे हैं और कई इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई है, जबकि दूसरी तरफ मैदान अब भी तेज गर्मी की मार झेल रहे हैं। मौसम विभाग ने राज्य के सात जिलों के लिए यलो अलर्ट जारी किया है और अगले दो दिनों में बारिश की गतिविधियां तेज होने की संभावना जताई है।
नैनीताल समेत कई पहाड़ी जिलों में दिनभर बादल छाए रहे और अलग-अलग स्थानों पर बौछारें पड़ीं। वहीं मैदानी क्षेत्रों में गर्म हवाओं और उमस ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी। कुछ इलाकों में अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया। मौसम विभाग का अनुमान है कि मानसून की रफ्तार धीरे-धीरे राज्य की ओर बढ़ रही है और इसका असर आने वाले दिनों में ज्यादा दिखाई देगा।
पहाड़ी जिलों में यलो अलर्ट, तेज हवाओं की भी चेतावनी
मौसम विभाग के अनुसार जिन जिलों के लिए यलो अलर्ट जारी किया गया है वहां गरज-चमक के साथ बारिश और तेज झोंकेदार हवाएं चल सकती हैं। कुछ इलाकों में हवा की रफ्तार 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने की आशंका जताई गई है। ऐसे में पहाड़ी रास्तों पर यात्रा करने वाले लोगों को अतिरिक्त सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है।
स्थानीय स्तर पर हो रही प्री-मानसून गतिविधियों ने मौसम को अस्थिर बना दिया है। कई जगह दोपहर बाद अचानक बादल छाने और हल्की बारिश का दौर देखने को मिला।
नैनीताल में बारिश, लेकिन मैदानों में गर्मी बरकरार
राज्य के पर्वतीय इलाकों में बारिश ने तापमान में कुछ राहत दी है, लेकिन हरिद्वार, ऊधमसिंह नगर और अन्य मैदानी क्षेत्रों में गर्मी का असर अभी कम नहीं हुआ है। लगातार उमस और ऊंचे तापमान की वजह से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
दरअसल, इस बार मानसून की एंट्री सामान्य समय से थोड़ी धीमी मानी जा रही है। पिछले दिनों राज्य में बारिश की कमी भी दर्ज की गई थी, जिससे गर्मी और अधिक महसूस हुई।
दो दिन बाद भारी बारिश की संभावना, प्रशासन अलर्ट मोड में
मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले दो दिनों के भीतर बारिश का दायरा बढ़ सकता है और कई जिलों में तेज बारिश देखने को मिल सकती है। इसके साथ ही पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन और सड़क बाधित होने जैसी स्थितियों पर भी नजर रखी जा रही है।
प्रशासन की ओर से लोगों को मौसम अपडेट देखते रहने और अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी गई है। खासकर चारधाम मार्ग और पर्वतीय पर्यटन क्षेत्रों में जाने वाले यात्रियों को मौसम की ताजा जानकारी लेकर ही निकलने को कहा गया है।
फिलहाल उत्तराखंड में राहत और चुनौती दोनों साथ-साथ दिखाई दे रही हैं—पहाड़ों में बारिश की शुरुआत और मैदानों में अभी भी तपिश का असर।