मुरादाबाद (भोजपुर)। उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद जनपद के भोजपुर थाना क्षेत्र से निकाह का झांसा देकर एक विवाहिता के साथ शारीरिक शोषण और दुष्कर्म का सनसनीखेज मामला सामने आया है। पीड़िता की शिकायत पर मुरादाबाद के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) ने कड़ा संज्ञान लिया है। एसएसपी के आदेश पर भोजपुर पुलिस ने मुख्य आरोपी और उसके मामा के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पति गया मजदूरी करने, आरोपी ने बुना निकाह का जाल
जानकारी के अनुसार, पीड़िता का पति रोजी-रोटी कमाने के लिए घर से बाहर (मजदूरी पर) रहता था। इसी बीच महिला की जान-पहचान शमी नामक एक युवक से हो गई। पीड़िता का आरोप है कि शमी ने उसे निकाह (शादी) का झूठा झांसा दिया और इसके बहाने उसके साथ कई बार शारीरिक संबंध बनाए। महिला जब भी निकाह की बात आगे बढ़ाती, तो आरोपी टालमटोल कर जाता था।
घटना पर एक नज़र (Quick Facts):
| विवरण | जानकारी |
| थाना क्षेत्र | भोजपुर (मुरादाबाद) |
| मुख्य आरोपी | शमी |
| सह-आरोपी | शमी का मामा (धमकाने का आरोप) |
| मुख्य आरोप | निकाह का झांसा देकर दुष्कर्म, जान से मारने की धमकी |
| पुलिस कार्रवाई | मुरादाबाद SSP के आदेश पर FIR दर्ज, जांच जारी |
2 अगस्त की रात घर में घुसा, मामा ने दी धमकी
पीड़िता ने पुलिस को बताया कि 2 अगस्त की रात को शमी उसके घर में घुस आया। जब महिला ने निकाह की बात की तो आरोपी ने जबरदस्ती करने की कोशिश की। महिला के शोर मचाने पर आसपास के लोग मौके पर जुट गए, जिन्हें देखकर आरोपी वहां से फरार हो गया। जाते-जाते उसने महिला को जान से मारने की धमकी दी।
पीड़िता का यह भी आरोप है कि शिकायत करने पर आरोपी के मामा ने उस पर समझौता करने का भारी दबाव बनाया। मामा ने शिकायत वापस न लेने पर उसे झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी दी। इस पूरे घटनाक्रम और विवाद के बीच, पीड़िता के पति ने भी उसे अपने साथ रखने से साफ इनकार कर दिया, जिससे महिला पूरी तरह बेसहारा हो गई।
SSP के दरबार पहुंची पीड़िता, मुकदमा दर्ज
सभी तरफ से निराश होने के बाद पीड़िता ने इंसाफ के लिए मुरादाबाद एसएसपी का दरवाजा खटखटाया। एसएसपी ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल भोजपुर पुलिस को कार्रवाई के निर्देश दिए। भोजपुर पुलिस ने सोमवार शाम को मुख्य आरोपी शमी के खिलाफ दुष्कर्म और उसके मामा के खिलाफ धमकी देने व दबाव बनाने की सुसंगत धाराओं में केस दर्ज कर लिया है। पुलिस का कहना है कि मामले की गहनता से जांच की जा रही है और साक्ष्यों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।