Raksha-bandhan 2026-का त्योहार 28 अगस्त 2026 को मनाया जाएगा। इस दिन श्रावण पूर्णिमा सुबह 09:48 बजे तक रहेगी। ऐसे में हर किसी के मन में ये सवाल आ रहा है कि क्या सुबह 09:48 बजे तक ही राखी बांधी जा सकेंगी। ये सवाल इसलिए उठ रहा है क्योंकि जो बहनें कहीं दूर से अपने भाइयों को राखी बांधने आ रही हैं, अगर वो सुबह न पहुंच पाएं तो ऐसे में वे क्या करें? क्या दोपहर या शाम में राखी नहीं बांध सकते हैं? तो आपको बता दें कि रक्षाबंधन का त्योहार 28 अगस्त को पूरे दिन रहेगा क्योंकि पूर्णिमा तिथि सुबह सूर्योदय के समय मौजूद रहेगी। हिंदू पंचांग अनुसार जो तिथि सूर्योदय के समय स्थित रहती है वो पूरे दिन मान्य होती है। ऐसे में बहनें बिना किसी तनाव के दिन भर राखी बांध सकेंगी।
रक्षाबंधन पर राखी बांधने का सबसे शुभ मुहूर्त सुबह 05:57 से 09:48 बजे तक रहेगा। लेकिन जो इस मुहूर्त में राखी न बांध पाए वो अन्य मुहूर्तों में भी राखी बांध सकता है।
दिन भर रहेगा रक्षाबंधन का शुभ मुहूर्त
ज्योतिष अनुसार 28 अगस्त 2026 को बहनें दिन भर अपने भाइयों को राखी बांध सकती हैं। अगर किसी कारण आप सुबह के समय यह त्योहार नहीं मना पा रहे हैं तो परेशान होने की कोई जरूरत नहीं है। आप दोपहर या शाम में भी राखी बांध सकती हैं। बस राहुकाल के समय में राखी बांधने से बचें। बता दें 28 अगस्त को राहुकाल सुबह 10:46 से दोपहर 12:22 बजे तक रहेगा।
चौघड़ियां मुहूर्त में भी बांध सकती हैं राखी
लाभ चौघड़िया – 07:33 AM से 09:10 AM
अमृत चौघड़िया – 09:10 AM से 10:46 AM
शुभ चौघड़िया – 12:22 PM से 01:58 PM
चर चौघड़िया – 05:11 PM से 06:47 PM
रक्षाबंधन पर पंचक का साया, क्या ऐसे में राखी बांध सकते हैं?
बता दें हर एक पंचक बुरा नहीं माना जाता। 27 अगस्त को यानी गुरुवार के दिन से शुरू हो रहा पंचक ‘सामान्य पंचक’ कहलाएगा। मान्यताओं के अनुसार गुरुवार से आरंभ होने वाले पंचक को दोषरहित माना जाता है यानी इस दौरान शुभ कार्यों को करने पर कोई रोक नहीं रहती। ऐसे में बहनें बिना किसी टेंशन के भाइयों की कलाई पर राखी बांध सकेंगी और खुशियों का त्योहार रक्षाबंधन मना सकेंगी। खास बात ये है कि इस बार राखी पर भद्रा का साया भी नहीं है।