मयंक त्रिगुण, वरिष्ठ संवाददाता
Moradabad News–मुरादाबाद। जिलाधिकारी अनुज सिंह ने बुधवार को कलेक्ट्रेट सभागार में कर-करेत्तर और राजस्व संग्रह की मासिक समीक्षा बैठक ली। लेकिन बैठक शुरू होते ही हवा का रुख बदल गया। सिंचाई और नलकूप विभाग के दोनों अधिशासी अभियंता खुद आने की बजाय अपने जूनियर अफसरों को भेजकर चालाकी करने की कोशिश कर रहे थे। बस फिर क्या था – DM साहब भड़क उठे!
बैठक में DM ने एक-एक विभाग को कठघरे में खड़ा किया और पिछले महीने के प्रदर्शन की बारीक जांच की। कोई भी कमी बर्दाश्त नहीं की गई।
स्टांप और GST विभाग पर कड़ी नजर
सबसे पहले एआईजी स्टांप से स्टांप शुल्क वसूली का पूरा ब्यौरा मांगा गया। इसके बाद जीएसटी अधिकारियों को सख्त हिदायत दी गई कि नियमों का पालन करवाने में कोई कोताही न बरतें। खास तौर पर ओवरलोडिंग करने वाले वाहनों के खिलाफ लगातार चेकिंग अभियान चलाया जाए। DM ने कहा, “लोगों से टैक्स लेते हैं तो हो, लेकिन जब नियम तोड़ने वालों पर कार्रवाई की बारी आती है तो सुस्ती क्यों?”
बाट-माप और श्रम विभाग को भी लताड़
बाट-माप विभाग के अधिकारी को पिछले एक महीने में कितने निरीक्षण किए और क्या-क्या कार्रवाई हुई, इसकी पूरी रिपोर्ट तुरंत भेजने को कहा गया। वहीं सहायक श्रमायुक्त को चेतावनी दी गई कि श्रम कानूनों का पालन करवाते समय यह जरूर देखा जाए कि किसी मजदूर या कर्मचारी का शोषण न हो। DM ने साफ कहा, “नियम तोड़ने वालों पर सख्ती करें, लेकिन किसी गरीब का हक न मारे।”
डग्गामार वाहनों पर चलेगा बुलडोजर जैसा एक्शन!
परिवहन विभाग की बारी आई तो DM ने आग उगल दी। डग्गामार वाहनों के खिलाफ कार्रवाई को और तेज करने का आदेश दिया। जो गाड़ियां बार-बार पकड़ी जा रही हैं, उनके परमिट हमेशा के लिए रद्द करने को कहा। एआरटीओ ने बताया कि पिछले महीने ही 158 डग्गामार वाहनों के चालान काटे गए और भारी जुर्माना वसूला गया। DM ने कहा, “यह सिलसिला रुकना नहीं चाहिए। सड़कें सुरक्षित होनी चाहिए।”
गन्ना किसानों की सुविधा सबसे ऊपर
गन्ना विभाग की समीक्षा में जिलाधिकारी ने सबसे ज्यादा जोर किसानों की सुविधा पर दिया। उन्होंने साफ निर्देश दिए कि सभी तौल केंद्रों का तुरंत निरीक्षण किया जाए। वहां किसानों के लिए पेयजल, छाया, बैठने की जगह, शौचालय और सुरक्षा के सभी इंतजाम होने चाहिए। DM ने कहा, “किसान अगर परेशान हुआ तो अधिकारी जिम्मेदार होगा। गन्ना तौल में एक ग्राम की भी गड़बड़ बर्दाश्त नहीं की जाएगी। किसानों का हक मारने वाले किसी को बख्शा नहीं जाएगा।”
बैठक में अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) ममता मालवीय, अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) संगीता गौतम, अपर जिलाधिकारी (नगर) ज्योति सिंह समेत सभी संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
जिलाधिकारी अनुज सिंह का यह सख्त रुख जिले भर में चर्चा का विषय बन गया है। अधिकारी अब समझ चुके हैं कि काम में कोताही की अब कोई गुंजाइश नहीं है। मुरादाबाद में राजस्व वसूली और नियमों के पालन में अब तेजी आने की पूरी उम्मीद है।
- संभल में रिश्तों का खौफनाक कत्ल: जिस बहन के साथ खेला, उसी को उतारा मौत के घाट, ये थी वजह
- सैदनगली पुलिस का गोकशी गिरोह के साथ मुठभेड़, इनामी को लगी गोली
- आज का राशिफल (13 जून 2026): जानिए मेष से मीन तक सभी 12 राशियों का हाल, आज किसके चमकेंगे सितारे?
- मुरादाबाद में 1.20 करोड़ की लूट का सनसनीखेज खुलासा: पीतल कारोबारी की बेटी ही निकली मास्टरमाइंड, गिरोह के 10 सदस्य गिरफ्तार
- Uttarakhand news-श्रद्धालुओं की बोलेरो पर गिरी भारी चट्टान, 2 तीर्थयात्रियों की मौत